संकट के समय जिसने भी सच्चे मन से हनुमान को पुकारा, वे दौड़े आए। मंगल ग्रह के दोष और भय दोनों हनुमान की भक्ति से शांत होते हैं — इसीलिए मंगलवार उनका दिन है।
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ॐ हं हनुमते नमः
आरती: आरती कीजै हनुमान लला की — तेज़, उत्साही लय. ऑडियो शीघ्र आ रहा है।
पारण: संध्या आरती के बाद एक समय भोजन। कई घरों में इस दिन नमक नहीं लिया जाता (क्षेत्रानुसार)।
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क्षेत्र व परंपरा के अनुसार विधि में अंतर हो सकता है। तिथि की पुष्टि अपने पंचांग से करें।