भोजन से पहले अदरक का पतला टुकड़ा चबाएँ, या आधा चम्मच सोंठ गर्म पानी में दिन में दो बार।
परंपरागत
सावधानीख़ून पतला करने वाली दवा के साथ ज़्यादा मात्रा नहीं। सर्जरी से पहले बंद करें।
हींग · Asafoetida
चुटकी हींग घी में हल्का भूनकर भोजन में डालें, या गर्म पानी में घोलकर पिएँ।
परंपरागत
सौंफ · Fennel
एक चम्मच सौंफ प्रत्येक भोजन के बाद चबाएँ, या गर्म पानी में भिगोकर ठंडा होने पर पिएँ।
परंपरागत
हल्दी · Turmeric
आधा चम्मच हल्दी एक कप गर्म दूध या गर्म पानी में, दिन में एक-दो बार। साथ में चुटकी काली मिर्च लेने से अवशोषण बढ़ता है।
परंपरागत
सावधानीरसोई में डाली जाने वाली मात्रा सुरक्षित है। गोली या सत्व के रूप में ज़्यादा मात्रा ख़ून पतला करने वाली दवाओं के साथ नहीं। पित्ताशय में पथरी हो तो ज़्यादा मात्रा से बचें। सर्जरी से पहले बंद करें।
इस पन्ने पर प्रमाणित — इस तकलीफ़ में इस चीज़ पर मनुष्यों पर हुए अध्ययन मौजूद हैं। परंपरागत — परंपरा और अनुभव से चला आ रहा — इस तकलीफ़ के लिए आधुनिक प्रमाण सीमित हैं।
यह सब दूसरों के अनुभव, परंपरा और अब तक हुए अध्ययनों का संग्रह है — किसी एक व्यक्ति के लिए दी गई सलाह नहीं। अपने खानपान में कोई भी बदलाव करने से पहले, और ख़ासकर तब जब आप कोई दवा ले रहे हों, अपने आहार विशेषज्ञ या डॉक्टर से पूछ लें।
प्राकृतिक चिकित्सा
पेट पर गर्म जल की बोतल; दोनों करवट घुटने छाती तक दो-दो मिनट।
गुनगुना जल घूँट-घूँट; स्थिर लेटने के बजाय सौम्य सैर।
शास्त्रीय औषधि
दाडिमाष्टक चूर्ण · Dadimashtaka Churna
मात्रा: 2–4 g · Warm water or buttermilk
अतिसार, प्रवाहिका, रोग के बाद मंदाग्नि, शूल।
अग्नितुण्डी वटी · Agnitundi Vati
मात्रा: 1 tablet (250 mg) · Warm water before meals
अत्यंत मंदाग्नि, पूर्ण अरुचि, वायु के साथ भारीपन, उदर-शूल। अल्प मात्रा में ही लें।