मशरूम के बी-विटामिन भोजन को ऊर्जा में बदलने में सहायक — थकान बनी रहे तो खिचड़ी या सूप में मशरूम मिलाएँ।
परंपरागत
घी · Ghee
1 चम्मच गर्म गाय का घी खाली पेट या रात को गर्म दूध में मिलाकर लें — यह अन्य औषधियों को धातुओं तक पहुँचाता है।
परंपरागत
यहाँ से शुरू करें
खजूर · Dates
दो-तीन खजूर रातभर पानी या दूध में भिगोकर सुबह उसी दूध के साथ खाएँ।
परंपरागत
दूध · Milk
सोने से पहले एक कप गर्म गाय का दूध उबालकर धीरे-धीरे पिएँ — नमक या खट्टी चीज़ के साथ न लें।
परंपरागत
बादाम · Almonds
5-7 बादाम रातभर भिगोकर सुबह छीलकर चबाएँ, या पीसकर गर्म दूध में मिलाएँ।
परंपरागत
अश्वगंधा काढ़ा · Ashwagandha kadha
रात में आधा चम्मच अश्वगंधा दूध में — वह थकान जो रोग से नहीं, तनाव से आई हो। एक महीने से अधिक चलने वाली थकान में पहले थायरॉइड, हीमोग्लोबिन व शुगर जँचवाएँ।
परंपरागत
ब्राह्मी चाय · Brahmi tea
दोपहर बाद ब्राह्मी चाय — उस मानसिक थकान के लिए जो नींद नहीं है। शरीर भी थका हो तो यह उत्तर नहीं — जाँच कराएँ।
परंपरागत
इस पन्ने पर प्रमाणित — इस तकलीफ़ में इस चीज़ पर मनुष्यों पर हुए अध्ययन मौजूद हैं। परंपरागत — परंपरा और अनुभव से चला आ रहा — इस तकलीफ़ के लिए आधुनिक प्रमाण सीमित हैं।
यह सब दूसरों के अनुभव, परंपरा और अब तक हुए अध्ययनों का संग्रह है — किसी एक व्यक्ति के लिए दी गई सलाह नहीं। अपने खानपान में कोई भी बदलाव करने से पहले, और ख़ासकर तब जब आप कोई दवा ले रहे हों, अपने आहार विशेषज्ञ या डॉक्टर से पूछ लें।
प्राकृतिक चिकित्सा
नियत समय पर सोएँ व उठें; मध्याह्न में बीस मिनट शवासन झपकी से श्रेष्ठ।
प्रातः सूर्य-स्नान व गहरी श्वास।
शास्त्रीय औषधि
अश्वगंधारिष्ट · Ashwagandharishta
मात्रा: 15–30 ml · Equal warm water, twice daily after food
स्नायु-क्षीणता, अनिद्रा, कृशता, रोग के बाद दुर्बलता, यौन दुर्बलता, चिंता।
दशमूलारिष्ट · Dashamularishta
मात्रा: 15–30 ml · Equal warm water twice daily
प्रसव के बाद का शास्त्रीय बल्य। सामान्य दुर्बलता, कटि-शूल, वात-रोग, ज्वर के बाद स्वास्थ्य-लाभ में भी।
लोहासव · Lohasava
मात्रा: 10–20 ml · Equal warm water after food
पाण्डु, विवर्णता, चढ़ने में श्वास-कष्ट, रक्ताल्पता के साथ दुर्बलता, अरुचि।
क्षीरबला तेल · Ksheerabala Oil
मात्रा: External; internal only on advice · Warm and massage the head or affected part
सिरदर्द व अधकपारी, अनिद्रा, स्नायु-शूल, अंगों की दुर्बलता, ज्वर के बाद अंग-पीड़ा।
क्या खाएँ
घी · Gheeखजूर · Datesदूध · Milkबादाम · Almonds
अपनी रसोई की चीज़ें चुनकर देखें कौन-सा उपाय आपके लिए सही है।