दिन में तीन बार गुनगुने नमक-पानी के गरारे सूजन घटाते हैं; गरारे के पानी में चुटकी हल्दी और लाभ देती है। रात को गर्म हल्दी-दूध, दिन में नरम गर्म भोजन। ठंडा सब बंद। बुखार संग टॉन्सिल पर सफ़ेद दाने हों तो डॉक्टर के पास जाएँ।
गुनगुने पानी में आधा चम्मच नमक, दिन में तीन बार गरारे (पाँच वर्ष से ऊपर)।
परंपरागत
हल्दी वाला दूध · Turmeric milk
सोते समय गर्म दूध में चौथाई चम्मच हल्दी।
परंपरागत
सावधानीरसोई में डाली जाने वाली मात्रा सुरक्षित है। गोली या सत्व के रूप में ज़्यादा मात्रा ख़ून पतला करने वाली दवाओं के साथ नहीं। पित्ताशय में पथरी हो तो ज़्यादा मात्रा से बचें। सर्जरी से पहले बंद करें।
इस पन्ने पर प्रमाणित — इस तकलीफ़ में इस चीज़ पर मनुष्यों पर हुए अध्ययन मौजूद हैं। परंपरागत — परंपरा और अनुभव से चला आ रहा — इस तकलीफ़ के लिए आधुनिक प्रमाण सीमित हैं।
यह सब दूसरों के अनुभव, परंपरा और अब तक हुए अध्ययनों का संग्रह है — किसी एक व्यक्ति के लिए दी गई सलाह नहीं। अपने खानपान में कोई भी बदलाव करने से पहले, और ख़ासकर तब जब आप कोई दवा ले रहे हों, अपने आहार विशेषज्ञ या डॉक्टर से पूछ लें।
क्या खाएँ
हल्दी वाला दूध · Turmeric milkगर्म नमक-पानी के गरारे · Warm salt gargleशहद-अदरक · Honey with gingerनरम खिचड़ी · Soft khichdi